मितावली–मंडराक खंड में 160 किमी प्रति घंटा की गति से वंदे भारत ट्रेनसेट पर सफल “कवच” परीक्षण सम्पन्न

उत्तर मध्य रेलवे, प्रयागराज मंडल के अंतर्गत मितावली–मंडराक (MTI–MXK) खंड (57.23 ट्रैक किलोमीटर) में आज वंदे भारत ट्रेनसेट पर 160 किमी प्रति घंटा की अधिकतम गति से कवच (KAVACH) प्रणाली का सफल परीक्षण सम्पन्न किया गया।

यह परीक्षण महाप्रबंधक/उत्तर मध्य रेलवे, श्री नरेश पाल सिंह के मार्गदर्शन में तथा प्रधान मुख्य संकेत एवं दूरसंचार अभियंता श्री सतेन्द्र कुमार, मुख्य संकेत एवं दूरसंचार अभियंता (प्रोजेक्ट–III) श्री विजय मालवीय के निर्देशन एवं उप मुख्य संकेत एवं दूरसंचार अभियंता/टूंडला श्री कुश गुप्ता की निकट पर्यवेक्षण में किया गया।

🚄 परीक्षण का उद्देश्य

इन उच्च गति परीक्षणों का उद्देश्य भारतीय रेलवे द्वारा विकसित स्वदेशी ऑटोमेटिक ट्रेन प्रोटेक्शन (ATP) प्रणाली “कवच” की कार्यक्षमता को उच्च गति संचालन की परिस्थितियों में परखना था।

इस परीक्षण के दौरान वंदे भारत ट्रेनसेट संख्या 252091 (20 कोच) को 160 किमी/घंटा की गति से चलाया गया ताकि ब्रेकिंग पैरामीटर एवं सुरक्षा नियंत्रण क्षमता का आकलन किया जा सके।

⏱️ परीक्षण की समयावधि

प्रारंभ बिंदु: मितावली स्टेशन — 12:10 बजे

समापन: मंडराक खंड — 17:35 बजे

🔹 मुख्य परीक्षण एवं परिणाम

1️⃣ लूप लाइन स्पीड कंट्रोल परीक्षण

उद्देश्य: यह परीक्षण यह सुनिश्चित करने के लिए किया गया कि कवच प्रणाली लूप लाइन में प्रवेश करते समय ट्रेन की गति को स्वचालित रूप से सुरक्षित स्तर पर सीमित कर सके।

प्रक्रिया: ट्रेन को 160 किमी/घंटा की गति से चलाया गया तथा होम सिग्नल “Off” किए गए। कवच प्रणाली ने स्वतः गति को नियंत्रित किया।

परिणाम:
बरहन अप लूप लाइन – 28 किमी/घं
पोरा अप लूप लाइन – 30 किमी/घं

पोरा डाउन लूप लाइन – 30 किमी/घं

चमरौला डाउन लूप लाइन – 29 किमी/घं

👉 सभी स्थानों पर कवच ने ट्रेन की गति को प्रवेश से पूर्व सुरक्षित सीमा तक सफलतापूर्वक घटाया।

2️⃣ SPAD (Signal Passed at Danger) रोकथाम परीक्षण

उद्देश्य: कवच प्रणाली की SPAD स्थिति में स्वतः ब्रेक लगाने की क्षमता की जाँच करना।

प्रक्रिया: ट्रेन को 160 किमी/घं की गति से “Red” (ON) सिग्नल की ओर चलाया गया ताकि कवच स्वतः खतरे को पहचानकर आपात ब्रेक लगा सके।

परिणाम:
चमरौला UP होम सिग्नल से 49 मीटर पहले रुकना

मंडराक UP होम सिग्नल से 27 मीटर पहले रुकना

हाथरस DN होम सिग्नल से 30 मीटर पहले रुकना

बरहन DN होम सिग्नल से 24 मीटर पहले रुकना

👉 सभी स्थितियों में कवच प्रणाली ने समय रहते सिग्नल खतरे का पता लगाया और स्वतः आपात ब्रेकिंग कर ट्रेन को सुरक्षित रूप से रोक दिया।

🔰 निष्कर्ष

इन उच्च गति परीक्षणों की सफल पूर्णता ने यह सिद्ध किया कि कवच (KAVACH) प्रणाली आधुनिक सेमी हाई-स्पीड ट्रेनों जैसे वंदे भारत के साथ भी पूरी तरह सक्षम, सटीक और विश्वसनीय रूप से कार्य करती है।

यह उपलब्धि भारतीय रेलवे के सुरक्षित, स्वचालित और दक्ष संचालन की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर (Milestone) है और भविष्य में 160 किमी/घं या उससे अधिक गति पर सुरक्षित ट्रेन संचालन का मार्ग प्रशस्त करती है।

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