नड्डा ने कहा कि भारत सरकार द्वारा लाए गए इस वक्फ विधेयक को ध्वस्त करने के लिए शोर मचाया जा रहा है। एक जिम्मेदार राजनीतिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में, मैं इस शोर को रोकता हूँ और इस नैरेटिव का विरोध करता हूँ। उन्होंने कहा कि न्यायालयों में कहा जाता है कि ‘जब आपके पास तर्क होते हैं, तो आप तर्कपूर्ण होते हैं और उसी के अनुसार बोलते हैं, और जब आपके पास तर्क नहीं होते, तो आप अपनी आवाज उठाते हैं और सनसनी फैलाने की कोशिश करते हैं।’ मैंने देखा कि बहस पटरी से उतर गई और भटक गई। मैंने कल लोकसभा में भी यही देखा।
जेपी नड्डा ने दावा किया कि वक्फ संशोधन बिल देश के हित में है। उन्होंने कहा कि वक्फ संशोधन बिल से जवाबदेही बनाने की कोशिश है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने मुस्लिमों को दोयम दर्जे का नागरिक बनाया। उन्होंने दावा किया कि मुख्यधारा में मुस्लिम बहनों को लाने से कांग्रेस ने रोका है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि हमारी कोशिश सिर्फ नियमों के दायरे में लाना है। उन्होंने कहा कि वक्फ (संशोधन) विधेयक राष्ट्रहित में है, विपक्ष मुद्दे को भटकाने और गलत विमर्श बनाने की कोशिश कर रहा है।
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