पीएम ने कहा, आज कौशल और निर्माण के देवता भगवान विश्वकर्मा का जयंती है। अपने कौशल से राष्ट्र निर्माण में लगे करोड़ों भाइयों और बहनों को भी विश्वकर्मा जयंती के उपलक्ष्य में आदर पूर्वक प्रणाम करता हूं। हमने ऑपरेशन सिंदूर से आतंकी ठिकानों को उजाड़ दिया है। वीर जवानों ने पलक झपकते ही पाकिस्तान को घुटनों पर ला दिया। ये नया भारत है। ये किसी की परमाणु धमकियों से डरता नहीं है। हम घर में घुसकर मारते हैं। पीएम मोदी ने कहा, आज 17 सितंबर को एक और ऐतिहासिक अवसर है। आज ही के दिन देश ने सरदार पटेल की फौलादी इच्छाशक्ति के उदाहरण को देखा था।
भारतीय सेना ने हैदराबाद को अनेकों अत्याचारों से मुक्त कराकर उनके अधिकारों की रक्षा करके भारत के गौरव को फिर से स्थापित किया। सेना के इतने बड़े शौर्य को कई दशक बीत गए। कोई याद करने वाला नहीं था। हमारी सरकार ने 17 सितंबर हैदराबाद की घटना को अमर कर दिया है। हमने भारत के एकता के प्रतीक इस दिन को हैदराबाद लिबरेशन डे के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि हमारा हर पल देश के लिए समर्पित होना चाहिए। देश के 140 करोड़ लोगों ने विकसित भारत बनाने का संकल्प लिया है। इसके चार स्तंभों को नई मजबूती देने का काम हुआ है। बड़ी संख्या में माताएं, बहनें, बेटियां आईं हैं। आज के आयोजन में नारी शक्ति का बहुत ध्यान रखा गया है। यह कार्यक्रम भले ही धार में हो रहा है। लेकिन यह पूरे देश में हो रहा है। यहां से स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार के महा अभियान का शुभारंभ हो रहा है। अभियान धार समेत एमपी के जनजातीय समाज को विभिन्न योजनाओं से जोड़ने का सेतु बनेगा। विश्वकर्मा जयंती पर भी आज एक बड़े औद्योगिक शुरूआत भी होने जा रही है।
पीएम ने कहा कि सबसे बड़े इंटीग्रेटेड टेक्सटाइल पार्क का शिलान्यास यहां हुआ है। इस पार्क से भारत के टेक्सटाइल्स इंडस्ट्री को नई ऊर्जा, किसान को उनके मेहनत का उचित मूल्य मिलेगा। इस टेक्सटाइल्स पीएम मित्र पार्क से बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार मिलेगा। हमारी माताएं, बहनें, नारी शक्ति राष्ट्र की प्रगति के मुख्य आधार हैं। अगर महिला बीमार हो जाए तो परिवार की सारी व्यवस्थाएं चरमरा जाती हैं। इसलिए स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार माताओं, बहनों के भविष्य के लिए उन्हें समर्पित है। हमारी कोशिश है कि एक भी महिला जानकारी या संसाधन के अभाव में गंभीर बीमारी के शिकार ना हो। ऐसी कई गंभीर बीमारी हैं जो चुपचाप आती हैं और धीरे-धीरे बहुत बड़ी बन जाती हैं। जीवन मृत्यु का खेल शुरू हो जाता है। ऐसी बीमारियों को महिलाओं में पहले ही पकड़ना जरूरी है। इसलिए दो अक्तूबर तक चलने वाले शिविर में बीपी, शुगर, टीबी, एनीमिया के साथ कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की जांच की जाएगी।
वीडियो कांफ्रेंसिंग से देश को संबोधित कर रहे प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, माताओं-बहनों, आपने मुझे हमेशा बहुत कुछ दिया है। आपका आशीर्वाद ही मेरा सबसे बड़ा रक्षा कवच है। आज 17 सितंबर विश्वकर्मा जयंती पर मैं एक बेटा, एक भाई के नाते मैं आपसे सिर्फ इतना मांगता हूं कि दो अक्तूबर तक लगने वाले स्वास्थ्य कैंपों में पहुंचकर स्वास्थ्य का परीक्षण कराएं। ये सारी जांचें चाहे कितनी भी महंगी क्यों ना हों, आपको एक भी पैसा नहीं देना पड़ेगा। दवाई भी मुफ्त दी जाएगी। उन्होंने कहा कि उत्तम स्वास्थ्य से सरकारी तिजोरी ज्यादे कीमती नहीं है। ये तिजोरी आपके लिए है। आगे के इलाज में आयुष्मान कार्ड का सुरक्षा कवच आपको बहुत काम आएगा। उन्होंने कहा कि यह अभियान बुधवार से शुरू होकर 2 अक्टूबर विजयादशमी तक विजयी होने के संकल्प के साथ 2 सप्ताह चलेगा। उन्होंने कहा कि देशभर की माताओं, बहनों, बेटियों का आह्वान करता हूं कि आप हमेशा अपने घर परिवार की चिंता में लगी रहती हैं। थोड़ा समय अपने स्वास्थ्य के लिए भी निकालिए।
![]()
